आयोग की शक्तियाँ

आयोग की धारा 9 की उपधारा (1) के अधीन अपने कृत्यों का पालन करते समय और विशिष्टतया निम्नलिखित विषयों की बाबत् किसी बाद का विचारण करने वाले किसी सिविल न्यायालय की सभी शक्तियाँ होगी, अर्थात् -

(क) राज्य के किसी भी भाग से किसी व्यक्ति को समन जारी करना और हाजिर करना तथा शपथ पर उसकी परीक्षा करना।

(ख) किसी दस्तावेज को प्रकट करने और पेश करने की अपेक्षा करना।

(ग) शपथ पत्रों पर साक्ष्य ग्रहण करना।

(घ) किसी न्यायालय या कार्यालय से किसी लोक अभिलेख या उसकी प्रतिलिपि की अध्यपेक्षा करना।

(ड.) साक्षियों और दस्तावेजों की परीक्षा के लिये कमीशन निकालना और

(च) कोई अन्य विषय जो विहित किया जाए।